छपरा (सारण)। बिहार के सारण जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ बंद कमरे में अंगीठी (कोयले की आग) जलाकर सोना एक परिवार के लिए काल बन गया। भगवान बाजार थाना क्षेत्र की अम्बिका कॉलोनी में दम घुटने (Asphyxiation) के कारण तीन मासूम बच्चों समेत कुल चार लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
दम घुटने से फैली बेहोशी-
पुलिस के अनुसार, शुक्रवार की देर रात रामलखन सिंह के परिवार के आठ सदस्य कड़ाके की ठंड से बचने के लिए कमरे में अंगीठी जलाकर सो गए थे। कमरा पूरी तरह बंद होने के कारण रात भर में वहां जहरीला धुआं (कार्बन मोनोऑक्साइड) भर गया। शनिवार सुबह जब काफी देर तक दरवाजा नहीं खुला, तो परिजनों ने उसे तोड़ा। अंदर सभी आठ लोग अचेत अवस्था में पाए गए।
इन लोगों ने गंवाई जान-
परिजनों ने आनन-फानन में सभी को सदर अस्पताल पहुँचाया, जहाँ डॉक्टरों ने चार लोगों को मृत घोषित कर दिया:
कमलावती देवी (70 वर्ष) – रामलखन सिंह की पत्नी
गुड़िया कुमारी (09 वर्ष) – विजय कुमार की पुत्री
तेजांश कुमार (03 वर्ष) – विजय कुमार का पुत्र
आद्या कुमारी (07 माह) – आर्य सिंह की पुत्री
चार सदस्यों का इलाज जारी-
इस घटना में परिवार के चार अन्य सदस्यों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है, जिनका इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।











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