मुजफ्फरनगर। जिले के चरथावल थाना क्षेत्र के गांव घिस्सूखेड़ा में बाबा गोरखनाथ मंदिर की मूर्ति तोड़ने की सनसनीखेज घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव फैल गया।मंगलवार रात किसी अज्ञात असामाजिक तत्व ने मंदिर में घुसकर गुरु गोरखनाथ महाराज की मूर्ति तोड़ दी। बुधवार सुबह जब ग्रामीणों को घटना की जानकारी मिली, तो भारी आक्रोश फैल गया। ग्रामीणों के साथ हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मंदिर परिसर में एकत्र होकर प्रदर्शन करने लगे और आरोपियों के एनकाउंटर की मांग करने लगे।
घटना के विरोध में शिवाजी सेना सहित विभिन्न हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने इसे धार्मिक भावनाओं पर सीधा हमला बताया। शिवाजी सेना के अध्यक्ष अर्चित आर्य ने कहा कि यह केवल मूर्ति खंडित करने का मामला नहीं, बल्कि हमारी आस्था पर सीधा हमला है। उन्होंने प्रशासन से सख्त कार्रवाई और कड़ी सजा की मांग की।
सूचना मिलते ही चरथावल थाना पुलिस सक्रिय हुई और तत्काल एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी। थानाध्यक्ष जसवीर सिंह के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर गांव के ही निवासी ओमपाल उपाध्याय पुत्र शियाराम (उम्र 35 वर्ष) को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह तंत्र क्रिया करता है और तांत्रिक विद्या के तहत उसने मूर्ति खंडित की।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मु0अ0सं0-167/25 धारा 298/299 बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपी को जेल भेजने की कार्रवाई की जा रही है। वहीं घटना के बाद से गांव और आसपास के इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। पुलिस लगातार गश्त कर रही है और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है।
सीओ सदर देवव्रत बाजपेई ने कहा, “घटना की जांच गंभीरता से की जा रही है। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।” ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन और तेज होगा।










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