मुजफ्फरनगर। तीर्थ नगरी शुकतीर्थ में कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर प्रतिवर्ष लगने वाले विशाल गंगा स्नान मेले की तैयारियों को लेकर शनिवार को प्रशासन ने कमर कस ली है। लाखों श्रद्धालुओं की आस्था और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी (DM) उमेश मिश्र, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) संजय कुमार वर्मा और जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल सहित अन्य उच्चाधिकारियों ने मेला स्थल और गंगा घाट का गहनता से निरीक्षण किया।
मेले का आयोजन इस वर्ष 2 नवंबर से 6 नवंबर तक किया जाएगा, जिसका मुख्य स्नान 5 नवंबर को होगा। यह मेला जिला पंचायत द्वारा आयोजित किया जाता है और इस बार व्यवस्थाओं को पूर्व से बेहतर बनाने के लिए 44 लाख 91 हजार रुपये का बजट रखा गया है।
सुरक्षा, सफाई और सुविधा पर विशेष फोकस-
निरीक्षण के दौरान, जिलाधिकारी उमेश मिश्र ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से निम्नलिखित व्यवस्थाओं को सुचारू रखने पर जोर दिया।
सुरक्षा व्यवस्था: गंगा घाट पर गोताखोर, नाव, और पीएसी की मोटरबोट की पुख्ता व्यवस्था। साथ ही, पूरे मेला स्थल पर निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरों की पर्याप्त व्यवस्था।
स्वच्छता और सुविधा: पर्याप्त संख्या में शौचालय, स्वच्छ पेयजल और बेहतर विद्युत व्यवस्था। स्वच्छता के लिए विशेष प्रबंध करने के निर्देश दिए गए हैं।
यातायात नियंत्रण: मेला स्थल और मुख्य मार्गों से गंगा घाट तक यातायात व्यवस्था को सुचारू और सुरक्षित बनाए रखना।
एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने विशेष रूप से स्नान करने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और मीना बाजार जैसे भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों पर प्रशासन की विशेष नजर रखने के निर्देश दिए।
भव्यता और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का वादा-
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल ने बताया कि इस बार मेले को और अधिक भव्य और सुंदर बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं को पूर्व से बेहतर सुविधाएं दी जाएंगी, जिसके लिए सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन की भी योजना है।
निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी वित्त गजेंद्र सिंह, एसडीएम जानसठ राहुलदेव भट्ट, एसपी देहात आदित्य बंसल, मुख्य विकास अधिकारी कमल किशोर कण्डारकर, सीओ देवव्रत वाजपेयी, तहसीलदार श्रद्धा गुप्ता, थाना प्रभारी निरीक्षक मुनीश कुमार, जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी योगेश कुमार सहित कई अन्य प्रशासनिक अधिकारी और स्थानीय प्रतिनिधि मौजूद रहे।










Discussion about this post