मुजफ्फरनगर। जनपद के मीमलाना गांव में एक युवती की गुमशुदगी का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। मामले में पुलिसिया कार्रवाई से असंतुष्ट विभिन्न हिंदू संगठनों ने एकजुट होकर प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। गुरुवार को हिंदू युवा वाहिनी और शिवसेना के संयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और शनिवार दोपहर तक लड़की की बरामदगी न होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी है।
सांत्वना देने पहुँचे दिग्गज नेता-
क्षेत्रीय संगठन महामंत्री प्रहलाद पाहुजा और शिवसेना जिला अध्यक्ष बिट्टू सिखेड़ा के नेतृत्व में दर्जनों कार्यकर्ता मीमलाना गाँव पहुँचे। उन्होंने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया और आश्वासन दिया कि वे इस लड़ाई में उनके साथ हैं।
प्रशासन को दो-टूक अल्टीमेटम-
प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस प्रशासन को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शनिवार दोपहर 12 बजे तक गुमशुदा युवती की सुरक्षित बरामदगी नहीं की गई, तो सभी हिंदू संगठन शिव मूर्ति पर सामूहिक रूप से कार्मिक अनशन शुरू कर देंगे। नेताओं ने दो-टूक शब्दों में कहा कि यदि आंदोलन के दौरान कानून-व्यवस्था प्रभावित होती है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।
पुलिस की सुस्ती पर उठाए सवाल-
संगठनों ने आरोप लगाया कि पुलिस की कार्रवाई की गति बेहद धीमी है। परिवार लगातार थाने के चक्कर काट रहा है, लेकिन अभी तक कोई ठोस सुराग नहीं मिला है। कार्यकर्ताओं ने कहा कि “बेटी की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।”
प्रदर्शन में शामिल संगठन-
इस मौके पर हिंदू युवा वाहिनी के जिला अध्यक्ष नवीन कुमार, नगर अध्यक्ष योगेंद्र तोमर, उज्ज्वल पंडित और भुवन मिश्रा मौजूद रहे। इसके अलावा क्रांति सेना, हिंदू रक्षा दल, भगवा रक्षा वाहिनी, हिंदू स्वाभिमान, सर्वशक्ति सेना और हिंदू क्रांति सेना के दर्जनों कार्यकर्ता भी उपस्थित रहे, जिन्होंने एक सुर में प्रशासन के खिलाफ रोष प्रकट किया।
आगे की रणनीति-
हिंदू संगठनों ने स्पष्ट कर दिया है कि अगर निर्धारित समय सीमा के भीतर पुलिस ने कोई ठोस परिणाम नहीं दिखाया, तो यह अनशन एक बड़े जनांदोलन का रूप ले लेगा। जिले के एसएसपी कार्यालय (SSP Office) और स्थानीय पुलिस पर अब इस मामले को सुलझाने का भारी दबाव है।










Discussion about this post