मुजफ्फरनगर। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सोमवार को मुजफ्फरनगर के पवित्र तीर्थ स्थल शुक्रताल में स्वामी कल्याण देव की 21वीं पुण्यतिथि के अवसर पर उनकी प्रतिमा का अनावरण किया। इस दौरान उन्होंने समाज सेवा और शिक्षा के क्षेत्र में उनके योगदान को याद करते हुए स्वामी जी को श्रद्धांजलि अर्पित की।
21 जून 1876 को जन्मे स्वामी कल्याण देव ने 129 वर्ष का अलौकिक जीवन जिया, जिसमें से 100 वर्ष उन्होंने जनसेवा को समर्पित किए। उन्होंने शिक्षा को जनक्रांति का माध्यम बनाया और 350 से अधिक शिक्षण संस्थानों, गौशालाओं, वृद्धाश्रमों, और अस्पतालों की स्थापना की। उनका संदेश था, “भगवान गरीब में वास करता है,” जो समाज के कमजोर वर्गों की सेवा पर बल देता है।
स्वामी जी को उनके अतुलनीय योगदान के लिए पद्मश्री, पद्मभूषण, नैतिक पुरस्कार, और साहित्य वरिधि डी-लिट जैसी सम्मानजनक उपाधियों से नवाजा गया। उन्होंने शुक्रताल जैसे धार्मिक स्थल का जीर्णोद्धार किया और उनके द्वारा स्थापित आश्रम आज भी समाजसेवा की मजबूत कड़ी के रूप में कार्य कर रहे हैं।
“मेरे लिए यह परम सौभाग्य का दिन है कि स्वामी कल्याण देव जी महाराज की 21वीं पुण्यतिथि पर मुझे शुक्रताल आने का अवसर मिला। मैं पीठाधीश्वर स्वामी ओमानंद जी महाराज का धन्यवाद करता हूं, जो स्वामी जी की शिक्षाओं को आगे बढ़ा रहे हैं। स्वामी कल्याण देव का जीवन शिक्षा, आध्यात्मिकता, और समाजसेवा के लिए समर्पित रहा। उन्होंने समाज की कुरीतियों को समाप्त करने का बीड़ा उठाया था। उनकी प्रतिमा का अनावरण मात्र एक मूर्ति नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का प्रतीक है। हम उनके जीवन और शिक्षाओं को अपनाकर राष्ट्र की सेवा करेंगे।”
नायब सिंह सैनी ने सावन के चौथे दिन चल रही कांवड़ यात्रा के अवसर पर सभी शिव भक्तों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा,
“कांवड़ यात्रा में शामिल सभी शिव भक्तों को मेरी बधाई और शुभकामनाएं। उत्तर प्रदेश सरकार ने कांवड़ियों के लिए बेहतरीन व्यवस्थाएं की हैं, जिसके लिए मैं उनका धन्यवाद करता हूं।”










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