रतनपुरी। मुजफ्फरनगर में पुलिस ने फुलत गांव की एक दुकान से करीब 42 किलो गौमांस और अवशेष बरामद किए। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया। पुलिस ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर गांव फूलत निवासी हासिम की मीट की दुकान पर पुलिस पहुंची। दुकान से करीब 42 किलो गोमांस बिक्री हेतु रखा मिला। इसके अतिरिक्त गोवंश के छह खुर भी दुकान से मिले।
पूछताछ में पहले तो आरोपी हासिम ने पुलिस को उक्त मांस को भैंस का बताते हुए मांस खतौली स्थित दुकान से खरीदने की जाली रसीद दिखाकर गुमराह करने का प्रयास किया। मगर जब उक्त रसीद का खतौली दुकान से सत्यापन किया गया तो उक्त रसीद जाली साबित हुई।
जांच के बाद यह साबित हो गया कि उक्त रसीद को आरोपी हासिम ने कूटरचित तरीके से स्वयं तैयार किया था। पुलिस ने दुकान से बरामद मांस की जांच के लिए गांव नावला से पशु चिकित्सक डॉक्टर राहुल अग्रवाल को मौके पर बुलाया। पशु चिकित्सक ने उक्त मांस, खुर को गोवंश का होना बताया।
पुलिस ने दुकानदार हासिम को गिरफ्तार कर लिया। सख्ती से पूछताछ करने पर हासिम ने उक्त मांस को गोवंश का होना स्वीकार किया। बताया कि उसने इस मांस को भैंस के मांस में मिला लिया था ताकि उसे अच्छा मुनाफा हो सके। पुलिस ने हासिम के विरुद्ध गोवध सहित जालसाजी आदि संगत धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया है। पुलिस ने बरामद गोमांस को जमीन में दबवा कर नष्ट करा दिया।










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