मुजफ्फरनगर। मीरापुर थाना पुलिस ने फर्जी दस्तावेज बनाने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर चार कुख्यात आरोपियों जिशाद उर्फ बिलाल, रिजवान, सुशील और सद्दाम को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने ग्राम रसूलपुर गढी में जिशाद उर्फ बिलाल के मकान पर छापेमारी कर 48 फर्जी आधार कार्ड, 40 मतदाता पहचान पत्र, 66 फर्जी मार्कशीट, 16 ट्रांसफर सर्टिफिकेट, और अन्य कूटरचित दस्तावेज बरामद किए। इसके अलावा, प्रिंटर, कंप्यूटर, मॉनिटर, और अन्य उपकरण भी जब्त किए गए। पूछताछ में अभियुक्तों ने कबूल किया कि वे नौकरी के लिए फर्जी दस्तावेज बनाकर मोटी रकम कमाते थे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) संजय कुमार वर्मा ने पुलिस लाइन में आयोजित एक प्रेस वार्ता में इस गिरोह का खुलासा करते हुए बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि एक गिरोह फर्जी मार्कशीट, पहचान पत्र, और ट्रांसफर सर्टिफिकेट बना रहा है। इस सूचना के आधार पर एसपी देहात, सीओ जानसठ, और इंस्पेक्टर मीरापुर की संयुक्त टीम ने छापेमारी की, जिसके दौरान इस गिरोह का पर्दाफाश हुआ। बरामद सामग्री में विभिन्न यूनिवर्सिटी और स्कूलों की फर्जी मार्कशीट और ट्रांसफर सर्टिफिकेट शामिल हैं। इसके साथ ही दस्तावेज बनाने में उपयोग होने वाले कंप्यूटर, प्रिंटर, और अन्य उपकरण भी जब्त किए गए।
पूछताछ में अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे पिछले एक साल से यह अवैध कार्य कर रहे थे और इस दौरान उन्होंने लगभग 10 लाख रुपये कमाए। एसएसपी ने बताया कि अभियुक्त सुशील जन सुविधा केंद्र में काम करता है और वह पहले भी फर्जी दस्तावेज बनाने के मामले में जेल जा चुका है। पुलिस ने सभी अभियुक्तों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है और मामले की गहन जांच कर रही है।
यह कार्रवाई मुजफ्फरनगर पुलिस की सक्रियता और अपराध पर अंकुश लगाने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें ताकि ऐसे अपराधों को रोका जा सके।










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