शामली। प्रदेशभर में भीषण गर्मी और उमस का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। बुधवार को शामली में अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि न्यूनतम तापमान 30 डिग्री दर्ज किया गया, जो इस सीजन का सबसे अधिक रात का तापमान रहा। चिलचिलाती धूप और लू के थपेड़ों ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया।
सुबह से ही तेज धूप के साथ गर्म हवाएं चलने लगीं, जिससे सड़कों पर सन्नाटा छा गया। लोग घरों में दुबकने को मजबूर हो गए। बाजारों और चौराहों पर आम दिनों की चहल-पहल के बजाय वीरानी देखने को मिली। कुछ लोग गर्मी से राहत पाने के लिए हरिद्वार, हिल स्टेशनों और स्विमिंग पूल की ओर निकल पड़े। वहीं, स्थानीय युवक नदियों, तालाबों और ट्यूबवेलों में डुबकियां लगाकर गर्मी से राहत पाने की कोशिश करते दिखे।
गर्मी के साथ बिजली संकट ने लोगों की परेशानियां और बढ़ा दी हैं। बिजली की अघोषित कटौती और लो वोल्टेज के कारण एसी, कूलर और पंखे बेअसर हो गए हैं। रात के समय भी तापमान ज्यादा होने की वजह से लोग राहत महसूस नहीं कर पा रहे हैं। उमस भरी गर्मी से बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों की स्थिति और भी ज्यादा खराब हो रही है।
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि बिजली आपूर्ति को सुचारु बनाया जाए और आवश्यकतानुसार जल स्रोतों के पास प्राथमिक इंतजाम किए जाएं ताकि आमजन को कुछ राहत मिल सके।











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