मुजफ्फरनगर। भारतीय किसान यूनियन (तोमर) ने मुजफ्फरनगर मंडी कोतवाली पुलिस पर किसानों के खिलाफ फर्जी मुकदमे दर्ज करने और महिलाओं से बदसलूकी करने का आरोप लगाते हुए 2 जुलाई से पहले प्रदेशव्यापी रेल रोको आंदोलन का ऐलान किया है। संगठन ने चेताया कि यदि गिरफ्तारी और झूठे मुकदमों पर रोक नहीं लगी तो मंडी कोतवाली पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया जाएगा।
रामपुर तिराहा स्थित संगठन के राष्ट्रीय कार्यालय पर प्रेस वार्ता में राष्ट्रीय अध्यक्ष संजीव तोमर ने कहा कि मंडी कोतवाली पुलिस ने शांतिपूर्ण धरने में शामिल किसानों पर 307 जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज किए हैं और दो किसानों को जेल भेज दिया गया है, जबकि 12 नामजद और 100 अज्ञात पर केस दर्ज है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने घायल किसानों की डॉक्टरी जांच भी नहीं कराई, ताकि पुलिस की बर्बरता सामने न आ सके।
संगठन ने बताया कि महिला किसानों के साथ भी अभद्रता, छेड़छाड़ व जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया गया। कोतवाल दिनेश बघेल, थानेदार राजकुमार बालियान, रजनीश शर्मा, विनोद, धनेश, और तेजवीर समेत कई पुलिसकर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
युवा प्रदेश अध्यक्ष अंकित गुर्जर ने कहा कि कोतवाल पहले से ही लाठीचार्ज की तैयारी में थे। जैसे ही उन्होंने ताली बजाई, भारी पुलिस बल और सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी किसानों पर टूट पड़े। महिला पुलिस न होने के बावजूद महिला प्रदर्शनकारियों को घसीटकर लाठियों से पीटा गया, जिसकी डॉक्टरी रिपोर्ट भी कराई जा चुकी है।
संजीव तोमर ने दो टूक कहा कि 2 जुलाई का इंतजार नहीं करेंगे। यदि मुकदमे वापस नहीं हुए और कोई नई गिरफ्तारी हुई तो मंडी कोतवाली पर अनिश्चितकालीन धरना और प्रदेशभर में रेलवे ट्रैक जाम होगा।”
उन्होंने मुख्यमंत्री से कोतवाल दिनेश बघेल सहित दोषी पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित करने की मांग करते हुए कहा कि यदि प्रशासन ने समय रहते कार्रवाई नहीं की तो इसका खामियाजा चुनावों में भुगतना पड़ेगा।
इस मौके पर राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रतिनिधि पवन त्यागी, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष श्रवण त्यागी, जिला अध्यक्ष निखिल चौधरी, प्रदेश प्रवक्ता चंदन त्यागी, प्रदेश उपाध्यक्ष शहजाद मलिक, सादिक खान सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।










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