मुजफ्फरनगर। मदीना कॉलोनी में एक युवक ने आत्महत्या कर ली। मृतक अनस का शव शेरपुर के जंगल में पेड़ से लटका मिला। अनस ने आत्महत्या करने से पहले एक वीडियो रिकॉर्ड किया, जिसमें उसने अपने साथ हो रही मानसिक और सामाजिक प्रताड़ना का जिक्र किया। उसने बताया कि कुछ दिन पहले उसकी शादी तय हुई थी, लेकिन कुछ लोगों की वजह से रिश्ता टूट गया, जिसके चलते वह आत्महत्या कर रहा है।
जानकारी के अनुसार सिविल लाईन थाना क्षेत्र के अंतर्गत मदीना कालोनी निवासी अनस पुत्र मेराजुद्दीन का शव आज दोपहर के समय शेरपुर के जंगल में एक पेड से लटका हुआ मिलने से सनसनी फैल गई। मामले की जानकारी तुरंत ही सिविल लाईन थाना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही सिविल लाईन थाना प्रभारी निरीक्षक आशुतोष कुमार सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस को मौके पर एक मोबाइल फोन भी मिला, जिसमें आत्महत्या से पहले अनस ने वीडियो रिकार्ड किया था।
अनस भोपा रोड स्थित डॉक्टर सांवरिया के क्लीनिक पर प्रैक्टिस कर रहा था और परिवार का सबसे बड़ा बेटा था। वीडियो में अनस ने कुछ लोगों पर आरोप लगाते हुए कहा कि मुझे इन लोगों ने झूठे मामले में बदनाम किया था। एक पंचायत में उसे जबरन खडा कर अपमानित किया गया और पंचायत का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया गया, उसने कहा कि इस घटना के बाद से वह मानसिक रूप से परेशान रहने लगा था। इस दौरान उसका एक लडकी से रिश्ता भी
तय हुआ था, लेकिन इन लोगों की वजह से वह रिश्ता भी टूट गया, जिस कारण वह आत्महत्या करने के लिये मजबूर हो गया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर परीक्षण के लिये भिजवा दिया है। मृतक अनस के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने वीडियो के आधार पर मामले की जांच पडताल शुरू कर दी है।
वीडियो में अनस ने कहा कि वह एक लड़की से बेहद प्यार करता था और दोनों की शादी तय हो चुकी थी। लेकिन उक्त तीनों आरोपियों ने कोरोना काल की एक पुरानी वीडियो को गलत संदर्भ में वायरल कर दिया, जिसमें वह पुलिस के सामने लॉकडाउन उल्लंघन के लिए माफी मांग रहा था। अनस ने दावा किया कि इस वीडियो का उस लड़की या उनके रिश्ते से कोई संबंध नहीं था, लेकिन आरोपियों ने इसे तोड़-मरोड़ कर लड़की के परिवार तक पहुंचा दिया। इसके बाद लड़की के परिवार ने रिश्ता तोड़ दिया।
मृतक के चाचा साजिद ने बताया कि मोहल्ले के कुछ लोगों ने अनस को बदनाम करने के लिए उस पर शराब पीने जैसे झूठे आरोप भी लगाए। लगातार व्हाट्सएप ग्रुपों में उसकी पुरानी वीडियो वायरल की जाती रही, जिससे वह मानसिक तनाव में आ गया। उन्होंने शराफत, नौशाद और दिलशाद पर मानसिक उत्पीड़न और सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाते हुए सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। वीडियो को भी कब्जे में लिया गया है और नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।










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