मुजफ्फरनगर। जिले में घटिया कृषि उत्पादों की बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए कृषि विभाग ने गुरुवार को बड़े पैमाने पर छापेमारी अभियान चलाया। इस दौरान बुढ़ाना, खतौली व जानसठ क्षेत्रों में खाद, बीज और पेस्टीसाइड विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों की गहन जांच की गई। बुढ़ाना के अग्रवाल एंड संस प्रतिष्ठान में पेस्टीसाइड वितरण में गंभीर अनियमितताएं मिलने पर विभाग ने उसका लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया, जबकि खतौली में एक दुकान की बिक्री पर रोक लगाते हुए नमूने जांच को भेजे गए हैं।
बुढ़ाना क्षेत्र में नव नियुक्त उप कृषि निदेशक प्रमोद सिरोही के नेतृत्व में टीम ने मैसर्स अग्रवाल एंड संस पर छापा मारा। निरीक्षण के दौरान पेस्टीसाइड की आपूर्ति में बड़े स्तर पर गड़बड़ियां पाई गईं। विभाग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दुकान की बिक्री रोकने के साथ-साथ लाइसेंस भी निलंबित कर दिया। साथ ही दो पेस्टीसाइड नमूने जांच के लिए लिए गए, जिनकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्यवाही की जाएगी। इस कार्रवाई से क्षेत्रीय दुकानदारों में भारी हलचल है।
खतौली में मैसर्स उमराव सिंह रघुवीर सिंह खाद भंडार की शिकायत पर जिला कृषि अधिकारी/कृषि रक्षा अधिकारी राहुल तेवतिया व उर्वरक निरीक्षक शुभम नामदेव की टीम ने निरीक्षण कर स्टॉक से नमूने जांच के लिए भेजे। इस उत्पाद की बिक्री पर रिपोर्ट आने तक अस्थायी रोक लगा दी गई है।
जानसठ क्षेत्र में उर्वरक निरीक्षक दीपांकर सिंह के नेतृत्व में की गई जांच के दौरान टीजीयू यूरिया की गुणवत्ता को लेकर विशेष परीक्षण किया गया, जिसमें कोई कमी नहीं पाई गई। इससे वहां के वितरकों और किसानों को राहत मिली।
इस व्यापक छापेमारी अभियान में सदर क्षेत्र में राहुल तेवतिया, जानसठ में दीपांकर सिंह, खतौली में शुभम नामदेव और बुढ़ाना में प्रमोद सिरोही ने अलग-अलग टीमें संभालकर कार्रवाई को अंजाम दिया। विभाग के अनुसार यह निरीक्षण अभियान पूरी पारदर्शिता से किया गया और इसका उद्देश्य किसानों को नकली, अवैध या घटिया उत्पादों से बचाना है। अधिकारियों ने बताया कि भविष्य में भी ऐसे निरीक्षण जारी रहेंगे ताकि किसान सुरक्षित और गुणवत्ता युक्त कृषि उत्पाद प्राप्त कर सकें।










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