मुजफ्फरनगर। जनपद के भोपा थाना क्षेत्र में शुक्रवार को एक दुखद घटना घटी, जहाँ बीएससी कंप्यूटर साइंस की एक छात्रा ने संदिग्ध परिस्थितियों में गंग नहर में छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली। मौके पर मौजूद प्रसिद्ध गोताखोर बेनीवाल बंधुओं ने तुरंत पानी में कूदकर छात्रा को बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
कोचिंग से लौटते समय उठाया आत्मघाती कदम-
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मोरना निवासी कन्हैयालाल की 20 वर्षीय पुत्री निशी मुजफ्फरनगर के एक कॉलेज में बीएससी की छात्रा थी और अलमासपुर में कंप्यूटर कोचिंग करती थी। शुक्रवार दोपहर कोचिंग के बाद जब वह बस से वापस लौटी, तो घर जाने के बजाय भोपा स्टैंड के पास गंग नहर पुल पर पहुँच गई। बताया जा रहा है कि वह काफी परेशान और बदहवास स्थिति में थी।
फोन पर ही दे दिए थे मौत के संकेत-
जब निशी समय पर घर नहीं पहुँची, तो परिजनों ने उसे फोन किया। छात्रा ने फोन पर ही कुछ ऐसा कहा जिससे परिजन अनहोनी की आशंका में चीखते-चिल्लाते नहर की ओर दौड़े, लेकिन उनके पहुँचने से पहले ही निशी ने गहरे पानी में छलांग लगा दी।
गोताखोरों का साहस भी नहीं बचा सका जान-
पुल पर मची अफरा-तफरी और परिजनों की चीख-पुकार सुनकर प्रसिद्ध गोताखोर मिन्टू बेनीवाल और राजीव बेनीवाल ने बिना पलक झपकाए उफनती नहर में छलांग लगा दी। कड़ी मशक्कत के बाद बेनीवाल बंधुओं ने निशी को बाहर निकाला और तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिवार में पसरा मातम-
निशी अपने चार भाई-बहनों में सबसे बड़ी और होनहार थी। उसकी मौत की खबर से पिता कन्हैयालाल, माता मंजू और छोटे भाई-बहनों का रो-रोकर बुरा हाल है। देर शाम बिना किसी कानूनी कार्यवाही के गमगीन माहौल में छात्रा का अंतिम संस्कार कर दिया गया। आत्महत्या के स्पष्ट कारणों का अभी पता नहीं चल सका है, लेकिन इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है।










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