मुजफ्फरनगर/बुढ़ाना। मुजफ्फरनगर पुलिस ने अपराधियों के विरुद्ध ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाते हुए बुधवार को एक और बड़ी कामयाबी हासिल की है। बुढ़ाना पुलिस ने गन्ने के खेत के बीचों-बीच चल रही एक अवैध शस्त्र फैक्ट्री को तहस-नहस करते हुए दो शातिर अंतरराज्यीय तस्करों को दबोच लिया है। इस सफल ऑपरेशन के लिए एसएसपी ने पुलिस टीम को 20 हजार रुपये का नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है।
गन्ने के खेत में रंगे हाथों पकड़े गए ‘कारीगर’-
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) संजय कुमार वर्मा ने खुलासा किया कि बुढ़ाना पुलिस को मुखबिर से सटीक सूचना मिली थी कि बुढ़ाना-कांधला मार्ग पर मंदवाड़ा के पास एक गन्ने के खेत में अवैध हथियारों का निर्माण किया जा रहा है। प्रभारी निरीक्षक सुभाष अत्री के नेतृत्व में टीम ने जब वहां छापेमारी की, तो मौके पर असलम (निवासी जौला) और महताब (निवासी कुल्हेड़ी) हथियारों को अंतिम रूप दे रहे थे। पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
भारी मात्रा में हथियार और उपकरण बरामद-
पुलिस की छापेमारी में मौके से हथियारों का बड़ा जखीरा मिला है, जिसमें शामिल हैं:
11 तमंचे (315 बोर)
1 पौनिया और 1 दोनाली
भारी संख्या में अधबने हथियार और कारतूस
शस्त्र बनाने के आधुनिक उपकरण
‘मोटी’ और उसके साथियों को होती थी हथियारों की सप्लाई-
पूछताछ में आरोपियों ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि वे गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदलते रहते थे। तैयार हथियारों को वे जौला निवासी शाहरुख, रिजवान और एक रहस्यमयी महिला, जिसे वे ‘मोटी’ के नाम से पुकारते हैं, को सप्लाई करते थे। पुलिस अब इन फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है।
अब तक 500 से अधिक शस्त्र बरामद-
एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने बताया कि जनपद में अपराध मुक्त वातावरण बनाने के लिए पुलिस सक्रिय है। अब तक जिले में कुल 512 अवैध शस्त्र और 1022 कारतूस बरामद किए जा चुके हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अवैध हथियारों के सिंडिकेट को जड़ से खत्म करने के लिए यह अभियान भविष्य में भी सख्ती से जारी रहेगा।










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