मुजफ्फरनगर। अहमदाबाद में तीन संदिग्ध आतंकवादियों की गिरफ्तारी के बाद, उत्तर प्रदेश विशेष जांच दल (एटीएस) की एक टीम मंगलवार को मुजफ्फरनगर के बुढ़ाना कस्बे में पहुँची। टीम ने मोहल्ला मुस्तफाबाद स्थित मदरसा दाऊद अरबिया दारुल उलूम अजीजिया का निरीक्षण किया।
गिरफ्तार दो संदिग्ध आजाद सुलेमान और सोहेल इसी मदरसे में पढ़ाई कर चुके थे। एटीएस ने मदरसे के दाखिला रजिस्टर, छात्रों के रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों की गहन जांच की। इसके अलावा, मदरसे के मौलाना और शिक्षकों से दोनों छात्रों की पढ़ाई और गतिविधियों से जुड़ी जानकारी जुटाई गई।
आजाद सुलेमान ने 2018 में मदरसे में दाखिला लिया था और करीब दो साल तक पढ़ाई की। कोरोना काल में उसने पढ़ाई बीच में छोड़ दी थी। लखीमपुर खीरी निवासी सोहेल ने तीन महीने पहले दाखिला लिया था, लेकिन 4 नवंबर को पिता की बीमारी का हवाला देकर मदरसे से चला गया।
मदरसे के मौलाना दाऊद ने पुष्टि की कि दोनों छात्र वास्तव में यहां पढ़ चुके हैं। उन्होंने बताया कि मदरसा करीब 20 साल पुराना है और वर्तमान में लगभग 200 बच्चे तालीम ले रहे हैं।
एटीएस टीम ने आवश्यक जानकारी जुटाने के बाद मदरसे से लौट गई। फिलहाल एजेंसियां संदिग्धों के नेटवर्क और उनके संपर्कों की गहराई से जांच में जुटी हुई हैं।










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