शाहजहांपुर। उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर के चौक कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला दीवान जोगराज निवासी शरद चंद्र सक्सेना को डिजिटल माध्यम से ठग कर एक करोड़ चार लाख 47 हजार रुपये की ठगी के मामले में पुलिस ने सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एमबीए पास युवक समेत सात आरोपी दो से दस प्रतिशत कमीशन के लिए कार्य करते थे। पुलिस उनके गिरोह के सरगना की तलाश में जुटी है।
शरद चंद्र सक्सेना प्रगितशील किसान हैं। उन्हें साइबर ठगों ने डिजिटल अरेस्ट किया था। धोखाधड़ी के केस में जमानत देने के नाम पर 14 दिन तक फंसाए रखा और फिर बरी होने का प्रपत्र जारी कर मोबाइल फोन बंद कर लिए। इससे पहले उनसे रकम ट्रांसफर करा ली गई थी। एसपी सिटी देवेंद्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने ठगी के ट्रांसफर हुए रुपयों की जांच शुरू की। पुलिस को एक ऐसा खाता मिला, जिसके जरिये आरोपी हत्थे चढ़ गए।
बुधवार को पुलिस लाइन में पत्रकार वार्ता में एसपी राजेश द्विवेदी ने बताया कि अभियुक्तों ने पीड़ित को गुमराह कर खाते में दो करोड़ 80 लाख का गैर कानूनी ट्रांजेक्शन होने की जानकारी दी थी। विभिन्न एजेंसी के अधिकारी बनकर वीडियो कॉल पर डिजिटल अरेस्ट कर लिया था। जमानत व सारे आरोपों से बरी करने के नाम पर चार खातों में एक करोड़ चार लाख 47 हजार रुपये ट्रांसफर कराए गए थे। इसके बाद धनराशि को 40 बैंक खातों में ट्रांसफर किया गया।
एसपी ने बताया कि धनराशि में 71 लाख रुपये का ट्रांजेक्शन हैदराबाद के कार्पोरेट खाते में किया। उसी दिन लगभग तीन करोड़ का ट्रांजेक्शन हुआ। खाताधारक से जानकारी करने पर उसने बताया कि उसके मूल खाते का दुरुपयोग करने के संबंध में साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस की जांच पड़ताल में सात नाम सामने आए। इन सभी को गिरफ्तार कर लिया गया।
ये आरोपी पकड़े गए-
- सचिन अहिरवार निवासी रेलवे कॉलोनी रानी लक्ष्मी नगर रेलवे कॉलोनी शिपरी बाजार झांसी
- प्रशांत कटारा निवासी जगनेर रोड थाना मलपुरा आगरा
- गौतम सिंह उर्फ लखनऊ ठाकुर निवासी संगम विहार थाना संगम विहार नई दिल्ली
- संदीप कुमार पुंडीर निवासी मुरारी नगर थाना खुर्जा जिला बुलंदशहर
- सैयद सैफ उर्फ सोनू निवासी भारत कॉलोनी चादर गोदाम थाना खेडी पुल फरीदाबाद हरियाणा
- आर्यन शर्मा निवासी श्रीराम कॉलोनी डासना थाना मसूरी जिला गाजियाबाद
- पवन यादव निवासी ग्राम कनौरा सुनौनिया खास टीकमगढ़ मध्य प्रदेश
पुलिस के मुताबिक सभी आरोपी फिनटेक साइबर ठग गिरोह के सदस्य हैं। गौतम सिंह एमबीए पास है। आरोपियों से नौ मोबाइल फोन, सात डेबिट कार्ड और एक पासबुक बरामद हुई। आरोपी कमीशन के लिए साइबर ठगी की घटना में सहयोग करते थे।











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