लखनऊ : आतंकी ठिकानों को नेस्तनाबूद करने के लिए सेना के ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद नागरिकों एवं महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा के लिए प्रदेश में रेड अलर्ट घोषित किया गया है। डीजीपी प्रशांत कुमार ने इस बाबत अहम दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिसमें सेना के मूवमेंट, सामरिक महत्व के ठिकानों, गैस एवं तेल पाइपलाइन आदि पर पैनी नजर रखने और सेना के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित करने को कहा गया है।
डीजीपी ने सभी जिलों, कमिश्नरेट और पुलिस इकाइयों को तत्काल प्रभाव से अपने अधिकार क्षेत्र में आने वाले सभी महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों और स्थानों की सुरक्षा को सुदृढ़ रखने, भौतिक सुरक्षा, निगरानी प्रणाली और परिधि सुरक्षा को मजबूत करने को कहा है। जिला प्रशासन, नागरिक सुरक्षा, सेना, वायुसेना समेत सभी हितधारकों के साथ समन्वय स्थापित करने और सभी कर्मियों को युद्ध निर्देशों की जानकारी देने को कहा है। उन्होंने मॉक ड्रिल में सभी संबंधित सुरक्षा इकाइयों की भागीदारी सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। इसके अलावा सभी पुलिस परिसरों और संसाधनों का ऑडिट कराने को कहा है, जिसमें नियंत्रण कक्षों को सुरक्षित करना शामिल है। साथ ही पुलिस वेबसाइट और पुलिस सर्वर के साथ साइबर सुरक्षा मजबूत रखने, सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील जिलों को हाई अलर्ट पर रखने, सुरक्षा बल की तैनाती बढ़ाने और आरक्षित बलों को त्वरित कार्रवाई के लिए तैयार रखने का निर्देश भी दिया है।
डीजीपी ने महत्त्वपूर्ण स्थानों पर प्रवेश नियंत्रण व्यवस्था को मजबूत करने का निर्देश दिया है, जिसके तहत पहचान पत्रों की जांच के बाद ही प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। उन्होंने सेना, वायुसेना, नागरिक सुरक्षा, खुफिया इकाइयां व अन्य संबंधित एजेंसियों से समन्वय करने की जिम्मेदारी वरिष्ठ अधिकारियों को सौंपी है। इसके तहत राजमार्गों और रेलवे के जरिये सेना का मूवमेंट सुरक्षित और गोपनीय तरीके से सुनिश्चित कराना, वायुसेना के लिए एटीएफ (ईंधन) की आपूर्ति, रेलवे के पुल और ट्रैकों की सुरक्षा और सभी मूवमेंट को ‘नीड टू नो’ आधार पर गोपनीय रखना शामिल है। इसके अलावा सभी हवाई अड्डों के फनल क्षेत्रों की जांच और हवाई सुरक्षा इकाइयों के साथ संयुक्त कार्यवाही भी शामिल है।
रेड अलर्ट के तहत तेल एवं गैस पाइपलाइन, संचार टावर, ओएफसीलाइन, जलापूर्ति प्रणालियां, बिजली सब-स्टेशन और ताप विद्युत संयंत्र की विशेष सुरक्षा के निर्देश दिए गए हैं। संवेदनशील और निषिद्ध क्षेत्रों में संभावित घुसपैठ और गोपनीय सूचनाएं लीक करने की घटनाओं पर सतर्क दृष्टि रखने को कहा है। सोशल मीडिया पर अफवाह और भ्रामक सूचना फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए है। उन्होंने सभी जिला नियंत्रण कक्ष को अलर्ट पर रखने, आपातकालीन वाहनों को अहम लोकेशन पर तैनात करने और नेपाल सीमा पर एसएसबी के साथ नियमित गश्त करने का निर्देश भी दिया है।










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