मुजफ्फरनगर। एक महिला ने अपने जेठ व जेठानी पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई है। एसएसपी के आदेश पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पीड़िता का जेठ जिला जज की कार का चालक है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के मौहल्ला रामपुरी निवासी सीमा पत्नी कमल कान्त ने एसएसपी के आदेश पर शहर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि उसके जेठ प्रमोद कुमार उर्फ पीके डिसुजा जो कि जिला जज मुजफ्फरनगर के यहां ड्राईवर के तौर पर कार्यरत है, प्रमोद कुमार ने मय परिवार कुछ समय पहले हिन्दू धर्म को छोडकर ईसाई धर्म स्वीकार कर लिया था और तभी से जबरदस्ती वह उन पर भी ईसाई धर्म ग्रहण करने का दबाव बनाता रहता है।
धोखे से प्रमोद कुमार की पत्नि अनिता डिसुजा, पीडिता के बच्चो को अपने घर ले जाकर जबरदस्ती तांत्रिक क्रिया करती है जिसका पीडिता व पीडिता के पति हमेशा विरोध करते है लेकिन जब पीडिता इस बात की शिकायत थाने में करती है तो थाने वाले पीडिता को यह कह कर मना कर देते है कि प्रमोद डिसुजा जिला जज का ड्राईवर है, हम उसके विरुद्ध कोई कार्यवाही नही कर सकते, प्रमोद डिसुजा पीडिता के द्वारा उसकी शिकायत करने के कारण पीडिता व पीडिता के परिवार से रंजिश रखता है।
सीमा ने बताया कि इसी रंजिश में 29 जनवरी की रात्रि प्रमोद उर्फ पीके डिसुजा शराब के नशे में पीड़िता के घर में जबरदस्ती घुस कर आया और पीड़िता के साथ गाली गलौच, मारपीट की। पीड़िता ने जब इसका विरोध किया तो पीड़िता के साथ अश्लील हरकते की। पीड़िता के लड़के यशकान्त ने जब जेठ पीके डिसुजा को रोका, तो जेठ ने जान से मारने की नीयत से यशकान्त का गला दबा दिया, तभी प्रार्थिया के पति व मौहल्ले वालो के आ जाने पर भविष्य में मौका मिलने पर जान से मारने की धमकी देकर भाग गया।
प्रार्थिया ने इस घटना की सूचना 112 नम्बर पुलिस चौकी को दी थी जिस पर कोई कार्यवाही नहीं हुई बल्कि 31 जनवरी को थाना कोतवाली पुलिस ने प्रमोद से सांठगांठ करके पीडिता के पति को जबरदस्ती पूरी रात थाने पर बैठाकर 31 जनवरी को एकतरफा कार्यवाही करते हुए धारा 126,135, 170बी बीएनएस में चालान कर दिया, जिससे पीड़िता ने बड़ी मुश्किल से अपने पति की जमानत करायीं।
सीमा ने बताया कि 31 जनवरी को जब पीडिता अपने पति की जमानत कराकर घर आयी तभी दोबारा से जेठ प्रमोद कुमार उर्फ पीके डिसुजा व जेठानी जबरदस्ती पीडिता के घर घुस गए और मारपीट कर धमकी दी। पीडिता सीमा ने बताया कि पांच मार्च को गली के बाहर मेरे बच्चे रुद्धकान्त को जेठ डिसूजा व जेठानी अनिता डिसूजा ने पकडकर मारपीट की और कहा यदि तूने अब पुलिस के सामने गवाही दी तो मैं तूझे खत्म कर दूँगी। बच्चे ने रो रोकर सारी बात पीडिता को बताई तथा कृष्ण भगवान की मूर्ति घर से तोडकर नाले में फेक दी और हमे पूजा पाठ भी नहीं करने देता है। एसएसपी के आदेश पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।










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