मंगलवार रात पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों पर हवाई हमले के बाद भारत-नेपाल सीमा पर चौकसी बढ़ा दी गई है। लखीमपुर खीरी जिले में नेपाल सीमा से सटे इलाकों में एसएसबी और पुलिस की टीमें संयुक्त गश्त कर रही हैं। जंगल के रास्तों पर भी कड़ी नजर रखी जा रही है। नेपाल से नो मैन्स लैंड में कोई प्रवेश न कर सके, इसके लिए निगरानी की जा रही है।
जिले से लगी तकरीबन सवा सौ किलोमीटर लंबी भारत-नेपाल की खुली सीमा संपूर्णानगर से लेकर गौरीफंटा, चंदन चौकी और तिकुनिया तक फैली है। बुधवार को इस पूरी सीमा पर अलग-अलग क्षेत्र में एसएसबी के जवानों ने पुलिस टीम के साथ संयुक्त पेट्रोलिंग की। संपूर्णानगर के पास बसही बॉर्डर पर भी लगातार निगरानी जारी है। इसके साथ ही गौरीफंटा बॉर्डर पर नेपाल आने जाने वालों की सघन चेकिंग एसएसबी द्वारा की जा रही है। इसमें डॉग स्क्वायड की भी मदद एसएसबी के जवान ले रहे हैं।
लखीमपुर खीरी में बुधवार को डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल और एसपी संकल्प शर्मा के निर्देशन में पुलिस लाइन में नागरिक सुरक्षा मॉक ड्रिल कर किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अभ्यास किया गया। इस दौरान पुलिस लाइन में आपातकालीन सायरन के बजते ही महज कुछ सेकेंड के भीतर फायर ब्रिगेड और पुलिस की गाड़ियां पहुंचीं। घायलों को तुरंत मदद और इलाज मिले, इसको लेकर एंबुलेंस भी मौके पर पहुंचीं। मॉक ड्रिल के दौरान यह दर्शाया गया कि आपातकाल स्थिति में किस तरह से लोगों को बचाया जाए।
पीलीभीत जिले में पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड पर है। पुलिस ने दोपहर में ही शहर में रूट मार्च किया। कस्बों और गांवों में भी मार्च किया गया है। भारत-नेपाल सीमा पर चौकसी बढ़ा दी गई है। एसएसबी भी अलर्ट मोड पर है। बस अड्डे, रेलवे स्टेशन और अन्य स्थानों पर पुलिस ने सघन चेकिंग अभियान चलाया है।











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