लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने 1991 बैच के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी राजीव कृष्ण मित्तल को राज्य का नया कार्यवाहक पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) नियुक्त किया है। अभी तक कार्यवाहक डीजीपी रहे प्रशांत कुमार को सेवा विस्तार नहीं मिला है।शनिवार रात राजीव कृष्ण ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की और फिर डीजीपी आवास जाकर प्रशांत कुमार से कार्यभार ग्रहण कर लिया। उन्होंने घोषणा की कि वे रविवार को मीडिया से प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए संवाद करेंगे।
राजीव कृष्ण वर्तमान में डीजी विजिलेंस और उप्र पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड के अध्यक्ष पद की जिम्मेदारियां निभा रहे थे। उनकी गिनती शासन के भरोसेमंद और तेजतर्रार अफसरों में होती है। मुख्यमंत्री योगी ने उन्हें प्रदेश की सबसे कठिन परीक्षाओं में गिनी जाने वाली सिपाही नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा की जिम्मेदारी सौंपी थी, जिसे उन्होंने पेपर लीक जैसी चुनौतियों के बावजूद सफलतापूर्वक आयोजित किया।
राजीव कृष्ण को इस पद पर नियुक्त कर सरकार ने एक साथ 11 वरिष्ठ आईपीएस अफसरों को सुपरसीड किया है। डीजीपी चयन के लिए 2024 में बनाई गई नई चयन एवं नियुक्ति नियमावली के तहत समिति का गठन अभी नहीं हुआ है, जिससे कार्यवाहक डीजीपी की नियुक्ति की गई।
मूल रूप से गौतमबुद्धनगर के रहने वाले और इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन में इंजीनियरिंग कर चुके राजीव कृष्ण मित्तल का जन्म 26 जून 1969 को हुआ था। उन्होंने आईआईटी रुड़की (IIT Roorkee) से इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशंस इंजीनियरिंग की डिग्री ली. राजीव ने 1985 से 1989 के बीच आईआईटी रुड़की से बीई किया।
वे दो बार राष्ट्रपति के गैलेंट्री अवार्ड से सम्मानित हो चुके हैं और वर्तमान में उनके सेवानिवृत्त होने में 4 साल 1 माह का समय शेष है, जिससे यह भी अनुमान लगाया जा रहा है कि वे स्थायी डीजीपी भी बन सकते हैं।
राजीव कृष्ण का पुलिस करियर अत्यंत विविध रहा है। उन्होंने इलाहाबाद (अब प्रयागराज) में प्रशिक्षु आईपीएस के रूप में शुरुआत की और फिर फिरोजाबाद, इटावा, मथुरा, फतेहगढ़, बुलंदशहर, गौतमबुद्धनगर, आगरा, लखनऊ और बरेली जैसे जिलों में एसएसपी के रूप में कार्य किया। मायावती शासनकाल में जब लखनऊ में डीआईजी स्तर की तैनाती की गई, तब वे लखनऊ के डीआईजी बने। इसके बाद वे मेरठ रेंज के आईजी, लखनऊ जोन के एडीजी और आगरा जोन के एडीजी भी रहे।
2012 में वे केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर गए और 2017 में वापस लौटे। इसके बाद पुलिस अकादमी मुरादाबाद और फिर लखनऊ व आगरा जैसे अहम जोन में अहम जिम्मेदारियां संभालीं।
राजीव कृष्ण का संबंध एक ऐसे परिवार से है, जिसमें छह से अधिक अफसर हैं। उनकी पत्नी मीनाक्षी सिंह भारतीय राजस्व सेवा (IRS) की अधिकारी हैं और वर्तमान में CBDT में डिप्टी सेक्रेटरी, नोएडा में तैनात हैं। उनके साले राजेश्वर सिंह पूर्व में ईडी के संयुक्त निदेशक थे जिसके बाद उन्होंने नौकरी से इस्तीफा देकर बीजेपी ज्वाइन कर ली थी फ़िलहाल वे लखनऊ में सरोजनीनगर से विधायक है। नोएडा की पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह, राजेश्वर सिंह की पत्नी है और नए डीजीपी की सलहज है। राजीव कृष्ण के पिता इनके पिता का नाम एमके मित्तल है।










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