शामली। जिले में अब गर्म हवा चलनी शुरू हो गई। मौसम विज्ञान विभाग ने भी पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हीट वेव चलने की संभावना जताई गई है। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने भी तैयारी शुरू कर दी है।
लू यानि हीट वेव से बचाव व उपचार के लिए जिला अस्पताल में छह बेड का कोल्ड रूम (हीट स्ट्रोक रूम) बनाया गया है। इसमें मरीजों के उपचार की व्यवस्था की गई है। शासन ने स्वास्थ्य विभाग को लू से बचाव के लिए तैयारी करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला अस्पताल में इमरजेंसी के नजदीक छह बेड का कोल्ड रूम तैयार किया गया है। इस कक्ष में एसी लगाया गया है। इसके साथ ही पर्याप्त मात्रा में ओआरएस के पैक, आइस पैक, बुखार मापने के लिए थर्मामीटर, स्प्रे बोतल, पैरासिटामोल, आईवी फ्लूड समेत सभी जरूरी दवाएं उपलब्ध हैं।
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. किशोर आहूजा ने बताया कि लू से मरीजों के बचाव व उपचार के लिए छह बेड का कोल्ड रूम तैयार किया गया है। इसमें मरीजों के लिए सभी जरूरी दवाएं व सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। ओपीडी व अन्य स्थानों पर लू से बचाव के लिए जागरूकता पोस्टर लगाए गए हैं। अभी तक कोई मरीज लू से पीड़ित नहीं आया है।
– बचाव के लिए ये करे-
– पर्याप्त मात्रा में नियमित अंतराल पर पानी पीते रहें। सफर में भी अपने साथ पीने का पानी रखें।
– ओआरएस घोल, नारियल पानी, लस्सी, चावल का पानी, नींबू का पानी, छाछ आदि घरेलू पेय पदार्थ का सेवन करें।
– हल्के रंग के ढीले-ढाले और सूती कपड़े पहनें।
– धूप में सिर ढककर रखें, कपड़े, टोपी या छाता का उपयोग करें।
– हाथों को साबुन और पानी से बार-बार धोए व मास्क का प्रयोग करें।
– दोपहर में सीधी धूप में काम न करें।
– ज्यादा परिश्रम वाले काम तेज धूप में करने से बचें।
– बच्चों को पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थ और पानी पिलाएं।
– तेज धूप में नंगे पांव घर से बाहर न जाएं।
– रसोईघर को हवादार बनाएं और खिड़की व दरवाजे खुली रखें।
– शराब, चाय, कॅाफी और कार्बोनेटेड शीतल पेय पदार्थों का ज्यादा सेवन करने से बचें।
– उच्च प्रोटीन वाले भोजन से बचे और बासी भोजन न करें।










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