नोएडा। उत्तर भारत में मौसम का मिजाज अब जानलेवा साबित हो रहा है। दिल्ली समेत पूरे एनसीआर (NCR) में ठंड, घना कोहरा और भीषण प्रदूषण ने मिलकर ‘तिहरी मार’ मारी है। शनिवार को दिल्ली और नोएडा के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) एक बार फिर ‘अति-गंभीर’ (Severe) श्रेणी में दर्ज किया गया, जिससे आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
नोएडा और दिल्ली के कई इलाकों में ‘रेड अलर्ट’-
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, नोएडा का सेक्टर-1 सबसे प्रदूषित इलाका रहा, जहाँ AQI 438 तक पहुँच गया। वहीं दिल्ली के आनंद विहार (434) और विवेक विहार (435) में भी हवा की गुणवत्ता खतरनाक स्तर पर बनी हुई है।
दिल्ली के प्रमुख इलाकों का हाल: रोहिणी (421), वजीरपुर (424), चांदनी चौक (417) और आर.के. पुरम (409)।
नोएडा की स्थिति: सेक्टर-125 (416), सेक्टर-116 (411) और सेक्टर-62 (358)।
गाजियाबाद: इंदिरापुरम (376) और संजय नगर (363) में भी स्थिति बेहद चिंताजनक है।
मौसम विभाग की चेतावनी: 25 दिसंबर तक रहेगा घना कोहरा-
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अगले 7 दिनों के लिए ‘फॉरकास्ट’ जारी किया है। 20 से 25 दिसंबर तक अधिकतम तापमान 16-17 डिग्री और न्यूनतम तापमान 10-12 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। इन सभी दिनों के लिए घने कोहरे का ‘येलो/ऑरेंज’ अलर्ट जारी किया गया है। हवा की रफ्तार कम होने के कारण प्रदूषक कण (Pollutants) जमीन के करीब जमे हुए हैं, जिससे ‘स्मॉग’ की चादर और गहरी हो गई है।
परिवहन पर बुरा असर-
घने कोहरे और शून्य दृश्यता (Visibility) के कारण हवाई सेवाओं के साथ-साथ सड़क यातायात भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है। दिल्ली एयरपोर्ट पर सैकड़ों उड़ानें प्रभावित हुई हैं, वहीं एक्सप्रेसवे पर गाड़ियों की रफ्तार थम गई है।
विशेषज्ञों की सलाह-
चिकित्सकों ने बढ़ते प्रदूषण और ठंड को देखते हुए बुजुर्गों, बच्चों और सांस के रोगियों को सुबह-शाम घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है। बाहर जाते समय N-95 मास्क का उपयोग अनिवार्य बताया गया है।











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