उत्तर प्रदेश। आगरा यमुना नदी के लगातार बढ़ते जलस्तर ने निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा पैदा कर दिया है। लोअर खंड नहर विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए आशंका जताई है कि अगले दो से तीन दिनों में यमुना नहर खतरे के निशान को पार कर सकती है।
वर्तमान में यमुना का जलस्तर 150 मीटर के करीब पहुंच चुका है, जबकि खतरे का निशान 151 मीटर है। अधिशासी अभियंता नीरज कुमार ने 19 अगस्त को बाढ़ बुलेटिन जारी करते हुए बताया कि 17 अगस्त को हथिनी कुंड बैराज से 1,78,976 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, जो 22 अगस्त तक आगरा पहुंचेगा। इस वजह से संभावना है कि यमुना का जलस्तर 22 अगस्त तक 152 मीटर तक पहुंच सकता है, जिससे निचले इलाकों में बाढ़ की स्थिति बन सकती है।
प्रशासन ने संभावित खतरे को देखते हुए तैयारियां तेज कर दी हैं। बाढ़ चौकियां स्थापित कर दी गई हैं और राहत-बचाव दलों को अलर्ट पर रखा गया है। प्रशासनिक सूत्रों ने बताया कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।











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