बागपत। एक प्लॉट के लिए रमाला गांव के साजिद (35) की उसके बड़े भाई कासिम ने अपने दोस्तों को पांच लाख रुपये की सुपारी देकर हत्या करा दी। इसके बाद साजिद का शव दोस्त के खेत में कुएं में फेंककर मिट्टी से दबवा दिया। मां ने बेटे के गायब होने की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने एक युवक से पूछताछ कर उनकी निशानदेही पर बुधवार देर शाम शव बरामद कर लिया।
रमाला गांव निवासी सबीला ने बताया कि उसका बेटा साजिद ईंट भट्ठों की चिमनी बनाने का मिस्त्री था। वह 18 फरवरी को घर से गया था और उसके बाद नहीं लौटा। उसकी गुमशुदगी दो दिन पहले थाने में दर्ज कराई। सबीला ने बेटे की हत्या होने की आशंका भी जताई। इसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस ने लापता होने से पहले साजिद के साथ देखे गए शुभम निवासी रोहटा जिला मेरठ से पूछताछ की तो उसने साजिद की हत्या की सच्चाई उगल दी।
उसने बताया कि साजिद को रमाला निवासी विकुल के साथ उसके खेत में नलकूप पर ले जाकर पहले शराब पिलाई और फिर कमर में गोली मारकर उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद विकुल के नलकूप पर स्थित कुएं में उसका शव फेंककर मिट्टी डालकर दबा दिया। पूछताछ के बाद पुलिस ने कुए में खोदाई करवाकर साजिद का शव बरामद किया।
शुभम ने बताया कि उसकी रमाला में रिश्तेदारी है और उसकी विकुल व कासिम से दोस्ती है। साजिद की हत्या के लिए कासिम ने उनसे पांच लाख रुपये सुपारी के तय किए थे। एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने बताया कि विकुल व कासिम की तलाश में पुलिस लगी हुई है, उनको जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
सबीला के तीन बेटे हैं, जिनमें सबसे बड़ा कासिम मास्टर, साजिद दूसरे नंबर और साबिद तीसरे नंबर का है। सबसे छोटे बेटे साबिद के नाम शामली में एक प्लॉट है, जिसे कासिम अपने नाम कराना चाहता था। जबकि साबिद उस प्लॉट को साजिद के नाम करने की बात कहता था। इसका कासिम विरोध करता रहता था। इस बात को लेकर कासिम ने साजिद को मरवाने की धमकी भी दी। विकुल ने अपने रिश्तेदार शुभम निवासी रोहटा के साथ मिलकर हत्या का षडयंत्र रचा।
पुलिस की मानें तो साजिद ने अपनी पत्नी को छोड़ दिया था। इसके बाद उसकी एक अन्य महिला से मित्रता हो गई थी। वह महिला मित्र से काफी बात करता था। जब साजिद को लापता हुए ज्यादा दिन हो गए, तो पुलिस ने कॉल रिकार्ड निकलवाई। उस महिला मित्र से पुलिस ने पूछताछ की तो उसने बताया कि साजिद से उसकी 20 दिन से बात नहीं हुई है। इसके बाद पुलिस का साजिद की हत्या को लेकर शक गहरा गया और उसके बाद ही शुभम को पकड़ा गया।
साजिद की हत्या के बाद उसका शव कुएं में फेंककर पहले गन्ने की पत्ती डाली गई और फिर मिट्टी। इसके बाद हत्यारोपी विकुल और उसके साथी रोजाना कुएं में मिट्टी डालने लगे। हत्या के बाद से अभी तक कुएं को 15 फुट भर दिया। बुधवार को शव बरामद कराने के लिए खोदाई की गई तो 15 फुट से ज्यादा खोदना पड़ा।











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